जयपुर Abhayindia.com राजस्थान में मानसून एक बार फिर जोर पकड़ने वाला है। मौसम विभाग के अनुसार, 7 से 10 अगस्त के बीच पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान के कई हिस्सों में भारी से अतिभारी बारिश हो सकती है। लेकिन, 15 अगस्त के बाद राज्य में बारिश की गतिविधियों में कमी आने की प्रबल संभावना है।
विभाग के अनुसार, पूर्वी राजस्थान के भरतपुर, जयपुर, कोटा, अजमेर, उदयपुर संभाग के कुछ भागों में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होगी। इन इलाकों में कहीं-कहीं भारी बारिश की प्रबल संभावना है। वहीं, 7 से 9 अगस्त के दौरान कोटा और उदयपुर संभाग के एक-दो स्थानों पर अतिभारी बारिश भी हो सकती है। पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर और बीकानेर संभाग के कुछ भागों में भी 7 से 10 अगस्त के दौरान बारिश बढ़ेगी। यहां मध्यम से कहीं-कहीं तेज बारिश होने के आसार हैं।
विभाग के नए अपडेट के अनुसार, 15 अगस्त से राज्य के अधिकांश भागों में बारिश की गतिविधियों में कमी आएगी। हालांकि, पूर्वी राजस्थान के अधिकांश भागों में आगामी एक सप्ताह तक मानसून सक्रिय रहने की संभावना है। गुरुवार को उत्तर प्रदेश के दक्षिण-पश्चिमी भागों के ऊपर ऊपरी परिसंचरण तंत्र बना हुआ है। मानसून ट्रफ लाइन फिरोजपुर, रोहतक, कानपुर से होकर गुजर रही है। इसके असर से भरतपुर और जयपुर संभाग के कुछ भागों में मध्यम से कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है। कोटा और उदयपुर संभाग में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।
पिछले 24 घंटे का हाल
बीते 24 घंटों में अलवर, भरतपुर, डीग, धौलपुर जिलों में कहीं-कहीं भारी/अतिभारी बारिश दर्ज की गई। सर्वाधिक बारिश 141 MM भरतपुर जिले के कुम्हेर में दर्ज की गई। मौसम विभाग ने निचले इलाकों में जलभराव और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की आशंका को देखते हुए सतर्क रहने की सलाह दी है।
















