









जयपुर Abhayindia.com अतिरिक्त मुख्य सचिव माइंस व पेट्रोलियम एवं चेयरमैन आरएसजीएल डॉ. सुबोध अग्रवाल ने राजस्थान गैस से तिमाही लक्ष्य निर्धारित कर सीएनजी व पीएनजी कार्य के क्रियान्वयन के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने के लिए सीटी गैस सेवा के लिए आधारभूत संरचना विकसित करने के साथ ही घरेलू गैस कनेक्शन जारी कराने के कार्य में तेजी लानी होगी।
एसीएस माइंस डॉ. अग्रवाल बुधवार को सचिवालय में राजस्थान स्टेट गैस के संचालक मण्डल की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार के सीएनजी पीएनजी गैस की दर निर्धारण के नए फार्मूले के आते ही राजस्थान गैस द्वारा अपने उपभोक्ताओं को पीएनजी और सीएनजी की दरों में 4 रुपए से 8 रुपए तक की कमी कर बड़ी राहत दी। उन्होंने बताया कि सीएनजी पेट्रोल की तुलना में 45 प्रतिशत और डीजल की तुलना में 15 प्रतिशत सस्ती है वहीं, पीएनजी एलपीजी की तुलना में 25 प्रतिशत तक सस्ती होने से ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा मिलने के साथ ही आम नागरिकों को सस्ता ईंधन प्राप्त हो सकता है।
राजस्थान स्टेट गैस के प्रबंध संचालक रणवीर सिंह ने बताया कि आरएसजीएल द्वारा हाल ही समाप्त हुए वित्तीय वर्ष में 10 प्रतिशत की ग्रोथ के साथ 17.7 मिलियन मेट्रिक स्टण्डर्ड क्यूबिक मीटर गैस उपलब्ध कराई गई है। उन्होंने बताया कि इसमें 15.4 एमएमएससीएम सीएनजी उपलब्ध कराई गई।
एमडी रणवीर सिंह ने बताया कि राजस्थान गैस द्वारा कूकस, नीमराना में 12 सीएनजी स्टेशनों के साथ ही कोटा में सीएनजी और पीएनजी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने बताया कि कोटा में पाइप घरेलू गैस कनेक्शन सुविधा के लिए आधारभूत सुविधाएं विकसित करने के साथ ही अधिक से अधिक कोटावासियों को पीएनजी कनेक्शन उपलब्ध कराने की पहल की जा रही है।
बैठक में गैल गैस से नलिनी मल्होत्रा ने हिस्सा लिया। इसके साथ ही आरएसजीएल से डीजीएम विवेक रंजन, विवेक श्रीवास्तव, सीएफओ दीप्तांशु पारीक, डीएम आईटी गगनदीप राजोरिया व सीएस रवि अग्रवाल व संजय जोशी ने हिस्सा लिया।
















