








जयपुर Abhayindia.com प्रदेश की भजनलाल सरकार ने गैस संकट की आशंका के बीच बड़ी राहत दी है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग ने व्यावसायिक एलपीजी सिलेंडर के वितरण के लिए एक नई वितरण नीति 2026 जारी की है। अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और पश्चिम एशिया के घटनाक्रमों के कारण बाधित हुई गैस आपूर्ति को अब चरणबद्ध तरीके से बहाल किया जा रहा है।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा ने बताया कि प्रदेश में व्यावसायिक गैस की आपूर्ति अब पहले की तुलना में 70 प्रतिशत तक पहुंच गई है। नई नीति का मुख्य उद्देश्य आवश्यक सेवाओं को प्राथमिकता देना और गैस की कालाबाजारी पर लगाम लगाना है।
नई नीति में गैस का कोटा निर्धारित
100% सप्लाई : अस्पताल और शैक्षणिक संस्थानों को उनकी मांग के अनुसार शत-प्रतिशत गैस उपलब्ध कराई जाएगी।
60% सप्लाई : होटल, रेस्तरां और डेयरियों को उनकी औसत खपत का 60 प्रतिशत हिस्सा मिलेगा।
40% सप्लाई : औद्योगिक इकाइयों को 40 प्रतिशत कोटा आवंटित किया गया है।
50% सप्लाई : अन्य व्यावसायिक उपभोक्ताओं को 50 प्रतिशत तक एलपीजी दी जाएगी।
छोटे सिलेंडर : प्रवासी श्रमिकों और ‘फूड कार्ट्स’ चलाने वालों को उनकी जरूरत के अनुसार 5 किलो वाले छोटे सिलेंडर दिए जाएंगे।
सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि अब कोई भी व्यावसायिक उपभोक्ता बिना पंजीकरण के सिलेंडर प्राप्त नहीं कर सकेगा। सभी उपभोक्ताओं को संबंधित तेल कंपनी के वितरक के साथ रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य होगा। इसके अलावा, जिन क्षेत्रों में PNG (पाइप्ड नेचुरल गैस) की सुविधा उपलब्ध है, वहां उपभोक्ताओं को पीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन करना होगा। गैस का आवंटन पिछले एक साल (अप्रैल 2025 से फरवरी 2026) की औसत खपत के आधार पर किया जाएगा।


