









जयपुर Abhayindia.com वाणिज्यिक कर विभाग की प्रवर्तन शाखा-द्वितीय ने 50 करोड़ रूपये से अधिक की जीएसटी चोरी के एक मामले में महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी महेश चंद गुप्ता पुत्र कन्हैया लाल गुप्ता, निवासी प्लाॅट न. 204, बांगड मेशन, 2/305, सेक्टर-2, विद्याधर नगर, जयपुर को बुधवार को विशेष न्यायालय (आर्थिक अपराध) जयपुर के समक्ष पेश किया गया, कोर्ट ने उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है।
इसकी भी गहन जांच की जा रही है कि इस प्रकरण में अन्य किसी व्यक्ति या फर्म की भूमिका है या नहीं। जांच में पाया गया कि महेश चंद गुप्ता ने जेएसएम इंडस्ट्रीज फर्म का संचालन किया। इस फर्म के माध्यम से टैक्स योग्य वस्तुओं की गुप्त आपूर्ति/निकासी बिना कर चालान जारी किए तथा बिना कर का भुगतान किए की गई है। फर्म ने वित्तीय वर्ष 2022-23, 2023-24 एवं 2024-25 में बड़े पैमाने पर मुख्यतः बादाम का क्रय एवं विक्रय किया। इसको लेखा पुस्तकों में दर्ज नहीं किया, न ही कर चालान जारी किए। इस मामले में 50 करोड़ रूपये से अधिक की जीएसटी चोरी कर राजस्व को भारी क्षति पहुंचाई गई है।
दस्तावेजों एवं डिजिटल रेकार्ड के सत्यापन एवं ऑडिट रिपोर्ट से यह पाया गया कि फर्म द्वारा बिना लेखा पुस्तकों में प्रविष्टि किए गुप्त रूप से माल का क्रय, भंडारण एवं विक्रय किया गया। इस आधार पर प्रवर्तन शाखा-द्वितीय द्वारा जीएसटी चोरी में संलिप्त आरोपी महेश चंद गुप्ता को वस्तु एवं सेवाकर अधिनियम, 2017 की धारा 69 के तहत गिरफ्तार किया गया।
यह कार्रवाई प्रवर्तन शाखा-द्वितीय के अतिरिक्त आयुक्त (प्रशासन) बाबू सिंह चौहान के निर्देशन एवं वृत्त-ए के संयुक्त आयुक्त हरेन्द्र चौधरी की निगरानी में संदीप कुमार चौधरी, सहायक आयुक्त, राजेश कुमार यादव, सहायक आयुक्त, सुनील दत्त शर्मा, राज्य कर अधिकारी, राहुल नाटाणी, राज्य कर अधिकारी की टीम द्वारा की गई।
वाणिज्यिक कर विभाग राज्य में कर चोरी और बिना विधिक दस्तावेजों के किए जा रहे संव्यवहारों के सिंडिकेट को समूल नष्ट करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इसके लिए विभाग द्वारा निरन्तर कार्रवाई की जा रही है। वस्तु एवं सेवा कर अधिनियम की अनुपालना एवं पारदर्शी राजस्व प्रणाली सुनिश्चित करने के लिए विभाग द्वारा आगे भी ऐसी विधिक कार्रवाईयां निरन्तर जारी रखी जाएगी।


