






जयपुर Abhayindia.com सीतापुरा स्थित जेईसीसी में आयोजित राजस्थान डिजिफेस्ट टाई ग्लोबल समिट-2026 के अंतिम दिन मंगलवार को ‘डेमोक्रेटाइजेशन ऑफ एआई फॉर इनोवेशन एंड इनक्लूजन’ विषयक फायरसाइट चैट में भारत की वैश्विक एआई और डिजिटल अर्थव्यवस्था में अपनी स्थिति को नई परिभाषा देने की अपार संभावनाओं पर मंथन हुआ जिसमें सामने आया कि भारत इस व्यवस्था में महत्वपूर्ण भागीदारी निभाने और आगे जाकर नेतृत्व करने के लिए आवश्यक संसाधन, रणनीति, मानसिकता और नीति निर्धारण के स्तर पर तैयार है।
चर्चा संचालक प्राइमस पार्टनर्स के मैनेजिंग डायरेक्टर समीर जैन ने इंडिया एआई मिशन के सीईओ अभिषेक सिंह तथा एनवीडिया, साउथ एशिया के मैनेजिंग डायरेक्टर विशाल धूपर से बातचीत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के वैश्विक पहलुओं पर चर्चा की। अभिषेक सिंह ने डेटा को नई मुद्रा और रणनीतिक राष्ट्रीय संपदा बताया। उन्होंने इंडिया एआई मिशन जैसी पहलों के माध्यम से संपूर्ण एआई स्टैक- ऊर्जा, डेटा सेंटर्स, मॉडल्स, एप्लीकेशंस और स्किलिंग में क्षमता निर्माण पर जोर दिया। इस दौरान आगामी वैश्विक एआई सम्मेलन (इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026) के महत्व पर भी चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने इस समिट को भारत के एआई नवाचार, सुरक्षा और समावेशी विकास सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण मील का पत्थर बताया।
इस सत्र के बाद राजस्थान के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार एंटरप्रेन्योरशिप में एआई के उपयोग को बढ़ावा दे रही है और गुड गवर्नेंस में एआई के सटीक उपयोग की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री ने एआई-एमएल पॉलिसी 2026, आई स्टार्ट एलएमएस, राजस्थान एवीजीसी-एक्सआर पोर्टल तथा राजस्थान एआई पोर्टल को लॉन्च किया है।
तीन दिन चले राजस्थान डिजीफेस्ट टाई ग्लोबल समिट में निवेशक फाउंडर बैठकों, पिच सत्रों और बैठकों के माध्यम से 200 करोड़ रुपए से अधिक के निवेश की संभावनाएं बनी। स्टार्टअप्स में सह-निवेश करने के लिए राजस्थान सरकार द्वारा 100 करोड़ रुपए के फंड ऑफ फंड्स की घोषणा की गई। समिट के माध्यम से 100 से अधिक स्टार्टअप्स को मेंटरशिप कार्यक्रमों (TiE, iStart और सहयोगी एक्सेलरेटर के माध्यम से) में शामिल किया गया। 8,867 से अधिक प्रतिभागियों के साथ कॉमिककॉन ने राजस्थान को रचनात्मक उद्योगों, गेमिंग और डिजिटल स्टोरीटेलिंग के उभरते केंद्र के रूप में स्थापित किया। 48 घंटे के आउटलुक रेस्पॉन के रोमांचक आयोजन में 1.75 लाख रुपए के पुरस्कार के लिए टीमों ने प्रतिस्पर्धा की एवं 250 से अधिक प्रतिभागियों ने AI और इमर्सिव तकनीकों का उपयोग करके मौलिक गेम बनाए। आइडियाथॉन में राजस्थान की 24 मंडलीय टीमों ने भाग लिया। इन टीमों ने प्रतिष्ठित राज्य चैंपियनशिप खिताब और 50,000 रुपए की पुरस्कार राशि के लिए प्रतिस्पर्धा की।


