पुष्करणा सावा : गली-गली गूंजेंगी गीतों की लडिय़ां, ‘मंगल गीत’ पुस्तक का विमोचन

बीकानेर में पुष्करणा सावे के मद्देनजर मंगल गीत पुस्तक का विमोचन करतीं समाज की महिलाएं।
बीकानेर में पुष्करणा सावे के मद्देनजर मंगल गीत पुस्तक का विमोचन करतीं समाज की महिलाएं।

बीकानेर (अभय इंडिया न्यूज)। पुष्करणा महिला मंडल की सदस्यों की ओर से पुष्करणा सावे के अवसर पर विवाह गीतों की संकलित पुस्तक ‘मंगल गीत’ का विमोचन मंगलवार को यहां धरणीधर रंगमंच में आयोजित एक कार्यक्रम में किया गया।

मंडल कोषाध्यक्ष मीनाक्षी हर्ष ने बताया कि इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि समाजसेवी राजेश चूरा, विशिष्ट अतिथि समाजसेवी रूपकिशोर व्यास व शिक्षाविद् रामजी व्यास तथा कार्यक्रम के अध्यक्ष वरिष्ठ चिकित्सक राहुल हर्ष ने मंगल गीत पुस्तक का लोकार्पण किया। इस अवसर पर रेखा आचार्य ने कहा कि मंडल की सदस्यों और समाजसेवियों की मदद से 15 वधु परिवारों को विभिन्न वैवाहिक परंपराओं पर उपयोगी सामग्री भेंट दी गई।

महिला मंडल की अध्यक्ष अर्चना थानवी ने बताया कि 15 वधु परिवारों को खौळे का सामान भेंट किया गया। इस अवसर राजेश चूरा ने कहा कि सावे के अवसर मंगल गीतों की यह पुस्तक नई पीढ़ी को विवाह परंपरा की मीठी परंपरा को जागृत रखेगी जो अभी डीजे की कानफोडू संगीत मे दब रही है। शिक्षाविद् रामजी व्यास ने कहा कि महिलाओं का इस तरह समाज सेवा के लिये लगातार आगे आना महत्वपूर्ण है जिससे समाज का चहुंमुखी विकास होगा।

रूपकिशोर व्यास ने कहा कि परंपराओं और समाजसेवा का यह कार्य महिलाओं द्वारा करना अपने आप सशक्त समाज की परिकल्पना पूरी करता है जो अनूकरणीय है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए डॉ. राहुल हर्ष ने कहा कि पुष्करणा समाज की यह महिला मंडल महिला सशक्तिकरण की अनूठी संस्था है, जो शिक्षा, चिकित्सा, समाजसेवा के साथ-साथ परंपराओं को भी एकजुट होकर पूरा करती है।

मण्डल सदस्या पूजा जोशी ने मंगलगीत पुस्तक पर प्रकाश डालते हुए विभिन्न विधाओं के गीतों के बारे मे बताया। सदस्य वरूणा पुरोहित ने बताया कि यह पुस्तक रूप निखार ब्यूटी पार्लर, न्यू फैशन जोन, बीकानेर लेबोरेट्री, मंडल कार्यालय यूनिक स्ट्रीट पर उपलब्ध है। कार्यक्रम का संचालन ज्योतिप्रकाश रंगा ने किया।

इस अवसर पर महिला मंडल की अध्यक्ष अर्चना थानवी, डॉ. विजयलक्ष्मी व्यास, अरूणा चूरा, वन्दना पुरोहित, डॉ. प्रीति रंगा, सुनीता व्यास, पिंकी पुरोहित, विजयलक्ष्मी आचार्य, अनुपमा रंगा, शारदा पुरोहित, सुमन ओझा, सीमा पुरोहित, नीलम जोशी आदि ने सक्रिय भागीदारी निभाई।

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