Friday, April 24, 2026
Hometrendingपुष्करणा सामूहिक विवाह समारोह में परिणय सूत्र में बंधने वाली सर्वसमाज की...

पुष्करणा सामूहिक विवाह समारोह में परिणय सूत्र में बंधने वाली सर्वसमाज की जरूरतमंद कन्याओं को भेंट की सामग्री

AdAdAdAdAdAdAd

बीकानेर Abhayindia.com दस फरवरी को होने जा रहे पुष्करणा सामूहिक विवाह समारोह में परिणय सूत्र में बंधने वाली सर्वसमाज की जरूरतमंद कन्याओं को शनिवार को बिन्नाणी चौक निवासी स्व मेघराज बिन्नाणी परिवार की ओर से भामाशाहों की मदद से सामान का वितरण किया गया। दो दिनों तक किये जाने वाले इस वितरण समारोह के दौरान 110 जरूरतमंद कन्याओं को खिरोड़े के सामान के अलावा, सोने-चांदी के आभूषण, वस्त्र व बर्तन प्रदान किये गये।

रामगोपाल बिन्नाणी ने बताया कि मेरे दादाजी स्वर्गीय मेघराज बिन्नाणी के आदेश पर पिताजी स्वर्गीय बुलाकी दास बिन्नाणी ने अपनी वसीयत में तीन पुत्रों को अलग-अलग सामाजिक सरोकार व धार्मिक कार्य करने का उल्लेख किया। जिसमें मेरे को पुष्करणा सामूहिक विवाह समारोह के दौरान जरूरतमंद कन्याओं को हजारों रुपये के सामान की मदद करने के लिए कहा गया था। रामगोपाल अपने परिजनों की इस परम्परा को आज 132 वर्षों से निभाकर अपने सामाजिक दायित्व का निर्वहन कर रहे है।

ये लोग करते है सेवाकार्य

बिन्नाणी परिवार की ओर से दिए जाने वाले सामान के लिये एक टीम रामगोपाल बिन्नाणी के साथ दिन रात काम करती है। जिसमें किशन लोहिया, रामजी व्यास, श्याम सुन्दर राठी, राजकुमार पारीक, श्यामलाल पारीक, मुकेश पुरोहित, हरिकिशन चांडक, केदार आचार्य, बृजरतन बिन्नाणी, भवानीशंकर पुरोहित, भरत मोहता, किशन सिंगी, सुशीला देवी पच्चीसिया, किरण देवी भट्टड, दुर्गा मोहता, ईशा मोहता, आशा बिन्नाणी, दर्श बिन्नाणी, विधि बिन्नाणी, केशव बिन्नाणी, किरण बिन्नाणी, दिलीप जोशी, राजकुमारी कोठारी, गोविन्द बिन्नाणी, आशीष कोठारी, सुरेश कुमार कोठारी का सहयोग रहता है।

ये दिया गया है सामान

विवाह समारोह में बिन्नाणी परिवार की ओर से पांच किलो पापड़, पांच किलो चावल, पांच किलो चीनी, पांच किलो बड़ी, पांच किलो मूंग दाल, सात नारियल, एक सोने का तिनखा, एक जोड़ी चांदी की पायल, एक जोड़ी चांदी की बिछिया, एक साड़ी, पांच सौ रूपये नकद, सुहाग की छाबड़ी, कंबल, स्टील की टंकी, चार चार नग थाली-गिलास, चम्मच, आठ नग कटोरी, परात, स्टील के दो डिब्बे, स्टील का जग व चप्पल शामिल है।

- Advertisment -

Most Popular

error: Content is protected !!