Friday, April 24, 2026
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मेडिकल कॉलेज में श्रद्धा एवं गरिमा के साथ मनाई डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती

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बीकानेर Abhayindia.com एसपी मेडिकल कॉलेज के ऑडिटोरियम में भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती श्रद्धा एवं गरिमा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर कॉलेज के समस्त यूजी एवं पीजी रेजिडेंट डॉक्टर्स, फैकल्टी सदस्यों तथा अन्य कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और बाबा साहेब के विचारों को आत्मसात करने का संकल्प लिया। यह कार्यक्रम विशेष रूप से मेडिकल कॉलेज के एमबीबीएस के चौसठवें (64वें) बैच द्वारा आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने आयोजन की उत्कृष्ट व्यवस्था करते हुए कार्यक्रम को सफलतापूर्वक संपन्न कराया।

कार्यक्रम का शुभारंभ बाबा साहेब के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। उपस्थित सभी चिकित्सकों एवं विद्यार्थियों ने भारतीय संविधान के शिल्पकार डॉ. अंबेडकर के योगदान को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का आह्वान किया। इस अवसर पर मुख्य वक्ताओं के रूप में डॉ. वीर बहादुर सिंह, डॉ. सीताराम गोठवाल, डॉ. विजय तुंदवाल, डॉ बाबुलाल, डॉ. मनोहरलाल दवा, डॉ. सुभाष गोड़, डॉक्टर विनोद कुमार छिंपा एवं डॉ. विजेंद्र कुमार बिनावरा उपस्थित रहे। नर्सिंग पक्ष से नर्सिंग ऑफिसर ज्योति पूनिया एवं नर्सिंग ट्यूटर पूनम ने अपने विचार व्यक्त किए, वहीं सीनियर टेक्निकल स्टाफ से भूराराम मेघवाल ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। इसके अतिरिक्त यूजी के छात्रों ने भी उत्साहपूर्वक अपने विचार रखते हुए कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी निभाई।

छात्रों ने बाबा साहेब की जीवनी पर प्रकाश डालते हुए उनके संघर्षमय जीवन और उपलब्धियों को प्रस्तुत किया। साथ ही विद्यार्थियों द्वारा आकर्षक नृत्य प्रस्तुतियाँ एवं महात्मा ज्योतिबा फुले तथा डॉ. अंबेडकर के जीवन एवं विचारों पर आधारित नाटिकाओं का मंचन किया गया, जिसने कार्यक्रम को और भी प्रेरणादायक एवं प्रभावशाली बना दिया। वक्ताओं ने अपने संबोधन में डॉ. अंबेडकर के संघर्ष एवं उनके सामाजिक न्याय, समानता एवं शिक्षा के प्रति योगदान को विस्तार से प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि डॉ. अंबेडकर के विचार आज भी समाज को दिशा देने में अत्यंत प्रासंगिक हैं, विशेषकर चिकित्सा क्षेत्र में सेवा, समर्पण और समानता के मूल्यों को अपनाना आवश्यक है।

कार्यक्रम में यह भी उल्लेख किया गया कि चिकित्सा पेशा केवल एक व्यवसाय नहीं, बल्कि समाज सेवा का माध्यम है, और बाबा साहेब के आदर्श इस दिशा में सभी चिकित्सकों के लिए प्रेरणास्रोत हैं। यूजी एवं पीजी रेजिडेंट डॉक्टर्स ने भी सामाजिक उत्तरदायित्व एवं नैतिक मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। अंत में, सभी उपस्थित जनों ने डॉ. अंबेडकर के आदर्शों को अपने जीवन एवं कार्य में अपनाने का संकल्प लिया तथा समाज में समता, न्याय एवं भाईचारे को बढ़ावा देने का प्रण किया। यह कार्यक्रम मेडिकल कॉलेज, बीकानेर के शैक्षणिक एवं सामाजिक वातावरण में एक प्रेरणादायक पहल के रूप में आयोजित किया गया, जिसमें सभी वर्गों की सक्रिय एवं सराहनीय भागीदारी रही। अंत में सभी विद्यार्थियों को मोमेंटो भेंट कर सम्मानित किया गया

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