












बीकानेर Abhayindia.com बीकानेर का महाराजा करणी सिंह स्टेडियम अव्यवस्थाओं का दंश झेल रहा है। यह स्टेडियम राजस्थान खेल परिषद के अधीन है और वर्तमान में यहाँ नई सुविधाओं के निर्माण का बड़ा काम चल रहा है। लेकिन, आश्चर्य है कि जहाँ एक ओर नई इमारतें बन रही हैं वहीं, दूसरी ओर मैदान की हालत बहुत खराब है। मैदान की सफाई नहीं होती, चारों ओर झाड़ियाँ और पेड़ उग आए हैं, बोर्ड टूटे हुए हैं, और खंभे जंग खा रहे हैं। खिलाड़ी जो वहाँ अभ्यास करने आते हैं, वे खुद झाड़ियाँ काटकर और मैदान साफ करके खेलना शुरू करते हैं। कोई सफाई कर्मचारी नहीं, कोई रखरखाव नहीं। सरकार के पास निर्माण का बजट है, पर रखरखाव और देखभाल का नहीं।
स्टेडियम में कुछ लोग बिना अनुमति के स्पोर्ट्स अकैडमी चलाकर कमाई कर रहे हैं, जबकि असली खिलाड़ी परेशान हैं। अब तो आम व्यक्ति के लिए मैदान में प्रवेश भी मुश्किल हो गया है। आईडी कार्ड के बिना प्रवेश नहीं, लेकिन अगर कोई अवैध काम करे तो कोई रोक नहीं। यह किसी की शिकायत नहीं, बल्कि हर खिलाड़ी का दर्द है। अगर बच्चों को खेलने का अवसर ही नहीं मिलेगा, तो हम मेडल की उम्मीद कैसे करें?
जिला ओलंपिक संघ के अध्यक्ष सीए सुधीश शर्मा का कहना है कि अब समय है कि हम सब मिलकर आवाज़ उठाएँ। खेल सिर्फ इमारतों से नहीं, मैदानों से जीवित रहता है। बीकानेर का गौरव तभी लौटेगा, जब महाराजा करणीसिंह स्टेडियम फिर से खिलाड़ियों की हँसी और जोश से गूंजेगा।




