महावीर जयंती पर विविध आयोजन : भक्ति संगीत, तेरापंथ भवन में रिकार्ड संख्या में एकासना तप, जिला अस्पताल में बेबी किट का वितरण

बीकानेर Abhayindia.com भगवान महावीर के 2621 वे जन्म कल्याणक पर यूथ क्लब के तत्वावधान में गंगाशहर के तेरापंथ भवन में महावीर जयंती पर 1800 की रिकार्ड संख्या में श्रावकश्राविकाओं ने कर्म निर्जरा के लिए जप के साथ एकासना तप किया। बैदों के महावीरजी मंदिर सहित अनेक मंदिरों में भक्ति संगीत संध्या के कार्यक्रम देर रात चले।

संस्था के मयंक बांठिया ने बताया कि जैन यूथ क्लब के कार्यकर्ताओं ने पिछले 15 दिनों से एकासना तप व नवंकार महामंत्र के जाप के लिए घरघर संपर्क किया तथा अधिकाधिक भागीदारी का आग्रह किया। तीन चरणों में हुए एकासना के दौरान श्राविकाएं रंग बिरंगी जैन पोशाक में तेरापंथ भवन में पहुंची। पुरुषों के साथ बच्चों ने भी एकासना का तप उत्साह दिखाना शुरू हो गया। निर्धारित समय से पूर्व की कतारबद्ध संख्या में पहुंचकर अपना स्थान ग्रहण कर एकासना तप किया। क्लब के 100 अधिक कार्यकर्ताओं व सेवाभावी श्रावकों ने पंथ व सम्प्रदाय को भूलकर जैन एकता का संदेश देते हुए अपनी सेवाएं दी। तप से पूर्व सभी तपस्वियों को प्रत्याख्यान करवाया गया। सभी को नवंकार मंत्र का जाप करवाया गया तथा जैन यूथ क्लब के समूह के माध्यम से कार्यक्रम को पूर्ण गरिमा व भक्तिमय बनाया गया।

क्लब के अरिहंत डागा ने बताया कि कार्यक्रम में नगर विकास न्यास के पूर्व अध्यक्ष महावीर रांका, जैन समाज के वरिष्ठ श्रावक जयचंद लाल डागा, हंसराज डागा, गणेश बोथरा, उद्योगपति व समाज सेवी बसंत नवलखा, क्लब अध्यक्ष सुरेश बैद सहित गणमान्य श्रावक मौजूद थे।

जिला अस्पताल में बेबी किट का वितरण

बीकानेर। महावीर इंटरनेशनल की बीकानेर केन्द्र शाखा की ओर से भगवान महावीर स्वामी के जन्म कल्याणक दिवस के उपलक्ष में शुक्रवार को हाईजैनिक बेबी किट का वितरण वीर संतोष बांठिया के सहयोग से किया गया।

इस अवसर पर संस्था के अध्यक्ष वीर जयचंद लाल डागा, संतोष जैन, संतोष बांठिया, डा. एम.के. जैन, संस्था सचिव हेमंत कुमार सिंगी और जिला अस्पताल की स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डा. सुदेश और डा. शकुन्तला ने भगवान महावीर के जन्म कल्याणक पर सबके लिए मंगल भावना व्यक्त की। अस्पताल के चिकित्सकों ने बेबी किट सुलभ करवाने पर संस्था का आभार व्यक्त किया।

चैत्री पूर्णिमा की क्रिया व आयम्बिल व उपवास आज

बीकानेर। जैन श्वेताम्बर खरतरगच्छ संघ की वरिष्ठ साध्वी प्रवर्तिनी, सज्जनमणि शशि प्रभाजी म.सा. के सान्निध्य में शनिवार को चैत्री पूर्णिमा पर अनेक श्रावकश्राविकाएं उपवास रखेंगे तथा आयम्बिल की तपस्या करेंगे। शनिवार को ही नवपद ओली का समापन होगा। साध्वीवृंद के सान्निध्य में श्रावकश्राविकाएं करीब चार घंटें जैन धर्म की परम्परानुसार चैत्री पूर्णिमा की क्रिया करेंगे।

रांगड़ी चौक के सुगनजी महाराज के उपासरे में शुक्रवार को साध्वीश्री शशि प्रभा ने प्रवचन में कहा कि कार्तिक व चैत्र पूर्णिमा पर उपवास व आयम्बिल आदि की तपस्याएं करने से नवपद ओली की तपस्या का पुण्य मिलता है। उन्होंने कहा कि चैत्र पूर्णिमा को रात्रि भोजन व हरि सब्जी आदि का त्याग करें तथा धर्म, ध्यान के साथ प्रतिवर्ष उपवास का संकल्प लें। उन्होंने कहा कि आयम्बिल व चैत्र पूर्णिमा की तपस्या महा मंगलकारी है। नाल दादाबाड़ी में गुरु इकतीसा सोमवार को

साध्वीश्री शशि प्रभाजी म.सा. के सान्निध्य में सोमवार को नाल दादाबाड़ी में गुरु इक्तीसा का सामूहिक पाठ होगा। साध्वीजी स्वयं सुबह साढ़े पांच बजे ढढ्ढों के चौक के इंद्रलोक से पैदल प्रस्थान कर नाल पहुंचेगी। नाल में सुबह छह बजे गुरु इक्तीसा का पाठ शुरू होगा। पाठ का लाभ कन्हैयालालजी, महावीरजी नाहटा व नमन नाहटा परिवार ने लिया है।

देव हनुमानजी जयंती आज, मंदिरों में अभिषेक व सुन्दरकांड पाठ

बीकानेर। राम भक्त देव हनुमानजी महाराज की जयंती पर शुक्रवार को ही दो दिवसीय कार्यक्रम शुरू हुए। मंदिरों में तेल व सिन्दूर, पंचामृत से अभिषेक व उसके बाद प्रतिमा का श्रृंगार किया गया। मुख्य कार्यक्रम शनिवार को होंगे। अनेक श्रद्धालु व्रत रखेंगे तथा हनुमानजी के मंदिरों में गुड़, चना, फल व प्रसाद चढ़ाएंगे तथा व्रत रखेंगे। घरों में भी सुन्दरकांड व हनुमान चालीसा का पाठ कई श्रद्धालु करेंगे।

शास्त्री नगर की श्री वीर हनुमान वाटिका में शुक्रवार को वेद पाठी ब्राह्मणों ने वैदिक मंत्रोच्चारण व हनुमानजी के स्तवनों के साथ पंचामृत व तेल सिन्दूर से प्रतिमा का अभिषेक किया। मंदिर की सचिव व पूर्व पार्षद छाया गुप्ता ने बताया कि शनिवार को शाम सात बजे आरती के बाद सुन्दरकांड के संगीतमय पाठ के साथ भक्ति संगीत संध्या और सचेतन झांकियों का आयोजन होगा। शिवबाड़ी के लालेश्वर महादेव मंदिर के अधिष्ठाता स्वामी संवित् सोमगिरि महाराज के सान्निध्य में होने वाले हनुमान जन्मोत्सव के दौरान सवामणि का भोग लगाकर प्रसाद का वितरण किया जाएगा। मंदिर को आकर्षक रोशनी से सजाया गया है। -शिवकुमार सोनी