








बीकानेर Abhayindia.com संपर्क पोर्टल पर अपलोड प्रकरणों की जिला स्तरीय निगरानी समिति की बैठक मंगलवार को एडीएम सिटी रमेश देव की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। एडीएम सिटी ने बताया कि जुलाई माह में संपर्क पोर्टल पर परिवेदनाओं का निस्तारण समय 23 दिन से घटकर 14 दिन हो गया है। जून माह में यह समय 23 दिन और मई माह में 30 दिन था।
एडीएम सिटी ने बताया कि जिले में पिछले महीने 61 से 90 दिन (दो से तीन महीने) के बीच लंबित परिवेदनाएं 104 थी जो अब घटकर 46 रह गई है। इसी प्रकार 91 दिन से 180 दिन (तीन से छह महीने) के बीच लंबित परिवेदनाओं की संख्या भी पिछले महीने की 57 से घटकर 26 रह गई है। इन 26 परिवेदनाओं में सर्वाधिक 06 परिवेदनाएं नगर पालिका नोखा की है। छह महीने से ऊपर की सभी परिवेदनाओं का निस्तारण कर दिया गया है। पिछले महीने इनकी संख्या 04 थी।
एडीएम सिटी देव ने बताया कि परिवेदनाओं के निस्तारण को लेकर संतुष्टि का स्तर भी पिछले माह के 58.74 फीसदी से बढ़कर 59.90 फीसदी हुआ है। साथ ही रिजेक्ट हुई परिवेदनाओं को लेकर संतुष्टि का स्तर भी 40.97 फीसदी से बढ़कर 42.16 फीसदी हो गया है।
बैठक में एडीएम सिटी ने बताया कि जिले में सर्वाधिक लंबित परिवेदनाएं पीएचईडी की 302, राजस्व की 299, विद्युत विभाग की 171, पंचायती राज की 132 है। बैठक में डीएसओ श्री नरेश शर्मा ने बताया कि उनके विभाग का परिवेदना निस्तारण समय 09 दिन और संतुष्टि का स्तर 96 फीसदी है।
एडीएम सिटी ने कहा कि सभी विभागाध्यक्ष संपर्क पोर्टल पर आई परिवेदनाओं का संवेदनशीलता के साथ जल्द से जल्द निस्तारण करें। सीएमओ, सीएमआर, राज्यपाल, लोकायुक्त इत्यादि जगहों से आई परिवेदनाओं का एक-दो दिन में निस्तारण करें। विभागाध्यक्ष खुद भी नियमित रूप से पोर्टल खोल कर मॉनिटरिंग करें। साथ ही कहा कि परिवादी से एक बार फोन पर बात भी कर लें। इससे परिवेदना को समझना आसान होगा और संतुष्टिस्तर भी बढ़ेगा। बैठक में एडीएम सिटी के अलावा एसडीएम बीकानेर एवं उपनिदेशक लोक सेवाएं आईएएस अधिकारी महिमा कसाना, बीडीए उपायुक्त कुणाल राहड़, समेत सभी विभागों के संबंधित विभागाध्यक्ष उपस्थित रहे।


