Saturday, April 25, 2026
Hometrendingपेंशन लिए अब कभी भी कहीं से भी किया जा सकता है...

पेंशन लिए अब कभी भी कहीं से भी किया जा सकता है आवेदन, मोबाइल एप लॉंच

AdAdAdAdAdAdAd

जयपुर Abhayindia.com सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग मंत्री टीकाराम जूली ने आज शनिवार को सामाजिक सुरक्षा पेंशन के नवीन आवेदन के लिए पात्र व्यक्तियों द्वारा मोबाइल ऐप के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन प्रस्तुत करने की सुविधा का वर्चुअल शुभारंभ किया।

उन्होंने बताया की यह सुविधा आज से प्रारंभ की जा रही है। इसका लाभ यह है कि ना तो आवेदक को ई मित्र केंद्र पर जाना पड़ेगा ना उसे फीस देनी पड़ेगी। अब इस सुविधा के माध्यम से वह किसी भी मोबाइल में दो ऐप (RajSSP and Face RD app) डाउनलोड करके घर बैठे, 24 घंटे में अपनी सुविधा अनुसार कभी भी, अंगूठा लगाने की बजाय अपने चेहरे की फोटो के माध्यम से अपना पेंशन का आवेदन विभाग को प्रस्तुत कर सकेगा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग कर भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण द्वारा उसके आधार डेटाबेस में उपलब्ध फेस के बायोमैट्रिक डाटा से मिलान कर उसका पहचान का सत्यापन किया जा सकेगा। और यदि वह सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना का पात्र है तो बिना मानवीय हस्तक्षेप के उसकी पेंशन स्वतः स्वीकृत भी हो जाएगी।

उन्होंने बताया कि एक तरफ जहां लगभग 13 हजार से अधिक सरकारी अधिकारी कर्मचारी तथा एसडीएम, बीडीओ, तहसीलदार, ईओ, पटवारी ग्राम सेवक, विभागीय अधिकारी आदि का समय बचेगा, वहीं, दूसरी ओर हमारे लाभार्थी को भी बिना किसी शुल्क के, सरल, सुविधाजनक, पारदर्शी और निर्बाध रूप से गुणवत्तापूर्ण सेवाएं तत्काल मिल सकेगी। सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में यह एक ऐतिहासिक बदलाव है। उन्होंने बताया कि पेंशन आवेदन प्रस्तुत करने की एक अतिरिक्त सुविधा है पूर्व में उपलब्ध आवेदन प्रस्तुत करने की सुविधा यथावत जारी रहेगी।

जूली ने कहा कि पूर्व में इसी तकनीक का उपयोग पेंशनर्स के वार्षिक भौतिक सत्यापन के लिए पिछले दो माह से किया जा रहा है और अब तक 82 हजार सामाजिक सुरक्षा पेंशन धारियों का बिना किसी सरकारी कार्यालय या ई-मित्र केंद्र पर जाएं मोबाइल फोन के माध्यम से अपने चेहरे की पहचान के आधार पर सत्यापन हो चुका हैं और इससे उनकी पेंशन नियमित प्राप्त हो रही है। इस अवसर पर शासन सचिव डॉ. समित शर्मा, निदेशक हरि मोहन मीना तथा विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी वर्चुअली मौजूद रहे।

- Advertisment -

Most Popular

error: Content is protected !!