








बीकानेर Abhayindia.com सूरत में बीती रात सेरिक एमडीआईओ का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया। पहली बार चार्टर विमान के माध्यम हवा में अध्यक्ष पीडीआरआर कौशल साहू ने शपथ ली। शपथ ग्रहण करने के बाद कौशल साहू ने अपनी कॉउन्सिल को स्विमिंग पूल में शपथ दिलाई। कार्यक्रम में रोटरी इंटरनेशनल डिस्ट्रिक्ट 3060 के प्रान्तपाल संतोष प्रधान, शपथ अधिकारी के रूप में पूर्व प्रान्तपाल आशीष अजमेरा विशिष्ट अतिथि के रूप में रोटरी इंटरनेशनल डिस्ट्रिक्ट 3053 के पूर्व प्रान्तपाल हरीश गौड़, प्रान्तपाल नामित निहिर दवे उपस्थित रहे।
गौरतलब है कि कौशल साहू ग्वालियर के रहने वाले है और वर्तमान में रोटरी की सबसे पुरानी शाखा सेरिक एमडीआईओ के अध्यक्ष है जिसमें वह 7 देशो के 1,15,000+ सदस्यों का नेतृत्व कर रहे है। साहू ने बताया कि इस तरह के भव्य कार्यक्रम की कल्पना उन्होंने नहीं की थी। संयोजक पीडीआरआर वीरल ने बताया की यह रोटरी के इतिहास में पहला मौका है जब कोई शपथ ग्रहण समारोह हवा और पानी में हुआ है। आयोजन को लेकर वीरल, कुशल, नीरव, वत्सल, स्वप्निल, अंकित, सागर, निकुंज, धारा, समित आदि ने भागीदारी निभाई।
बीकानेर : गोचर में कुत्तों का आतंक, गोवंश को बनाते है शिकार
बीकानेर Abhayindia.com गोचर में विचरण करने वाले गोवंश के लिए कुत्ते आफत बनते जा रहे हैं। सुजानदेसर क्षेत्र की गोचर भूमि में गोवंश व अन्य छोटे पशुओं का विचरण करना दुभर हो रखा है। आवारा कुत्तें गोवंश, हरिण इत्यादि को अपना शिकार बना लेते हैं। इन दिनों आवारा कुत्तों का इस गोचर में आतंक छाया है। ऐसे में छोटे गोवंश, हरिण सरीखे मवेशियों की जान पर बन आई है। हल्की बारिश के बाद यह मवेशी गोचर में निकलते हैं, लेकिन कुत्तों का भय लगा रहता है। आसपास के जागरुक नागरिक पूर्व में भी कई बार जिला प्रशासन को इस समस्या से अवगत करवा चुके हैं, इसके बाद भी निजात नहीं मिला।
संस्थान ने उठाई आवाज…
भागीरथ नंदनी संस्था के अध्यक्ष मिलन गहलोत के अनुसार जिला प्रशासन को बार-बार अवगत कराने के बाद भी स्थिति जस की तस है। इन मवेशियों को कुत्ते अपना शिकार बनाते है, गोचर में कुत्ते पूरे झुंड़ के साथ आते हैं। संस्था के पदाधिकारियों का आरोप है कि प्रशासन का इस तरफ कोई ध्यान नहीं है, पूर्व महापौर, जिला कलेक्टर, निगम सीईओ को भी इसकी जानकारी दी जा चुकी है गहलोत के अनुसार तात्कालीन जिला कलक्टर के समय चार बीघा जमीन डॉग हाउस बनाने की बात उठी थी, लेकिन अब तक योजना सिरे नहीं चढ़ी।
मुश्किल से आती है गाड़ी..
भागीरथ संस्था के सदस्यों ने बताया कि कई बार कहने पर बड़ी मुश्किल से नगर निगम कुत्ते पकडऩे वाली गाड़ी भेजता हैं, आरोप है कि पकड़े जाने वाले कुत्तों को मोहल्ले से थोड़ी दूरी पर ही छोड़ दिया जाता है। उनका स्थायी समाधान नहीं हो पा रहा है। इसके लिए डॉग हाउस बनाया जाने की दरकार है। वहीं मुरलीधर व्यास कॉलोनी से सटती गोचर भूमि में इन दिनों लंबी दीवार का निर्माण चल रहा है, यह दीवार गोचर को संरक्षित करने के लिए चल रहा है।





