राम मंदिर मुद्दा : भागवत के बयान पर सियासत गरमाई, ओवैसी ने साधा निधाना

bhagwat-ovesi
bhagwat-ovesi

नई दिल्ली संघ प्रमुख मोहन भागवत ने गुरुवार को राम मंदिर को लेकर बड़ा दिया। भागवत ने कहा कि राम हमारे गौरव पुरुष हैं, इसलिए जल्द से जल्द राम मंदिर का निर्माण होना चाहिए। भागवत ने कहा कि सरकार कानून बनाकर मंदिर बनाए। भागवत के इस बयान पर सियासत गरमा गई है। विपक्ष ने आरएसएस और भाजपा पर हमला बोलते हुए कहा कि यह एक स्पष्ट उदाहरण है जब एक राष्ट्र को साम्राज्यवाद में परिवर्तित किया जाता है।

एआइएमआइएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने भागवत के बयान पर कहा कि संघ और उनकी सरकार को ऐसा करने से कौन रोक रहा है? यह एक स्पष्ट उदाहरण है जब एक राष्ट्र को साम्राज्यवाद में परिवर्तित किया जाता है। ओवैसी ने कहा कि वे बहुलवाद या कानून के शासन में विश्वास नहीं करते हैं।

गौरतलब है कि संघ प्रमुख ने कहा कि बाबर ने राम मंदिर को तोड़ा और अयोध्या में राम मंदिर के सबूत भी मिल चुके हैं। उन्होंने कहा कि अब यह मामला न्यायालय में चल रहा है लेकिन कितना लंबा चलेगा? भागवत ने कहा कि इस मामले में राजनीति आ गई इसलिए मामला लंबा हो गया। रामजन्मभूमि पर शीघ्रतापूर्वक राम मंदिर बनना चाहिए। इस प्रकरण को लंबा करने के लिए हुई राजनीति हुई को खत्म होना चाहिए। विजयदशमी उत्सव में अपने वार्षिक संबोधन में संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि अगर जरूरत हो, तो सरकार राम मंदिर निर्माण के लिए कानून बनाए।

हालांकि, कांग्रेस की ओर से अभी तक इस मामले पर फिलहाल कोई बयान नहीं आया है। लेकिन, भागवत ने साफ स्पष्ट कर दिया है कि सरकार इस मामले को गंभीरता से ले और मंदिर निर्माण पर जल्द से जल्द कोई निर्णय लिया जाए।

 

हारे हुए नेताओं को लेकर दुविधा, 105 को दिए थे टिकट, 14 ही जीते