Wednesday, May 27, 2026
Hometrendingराजस्थान : ब्लैक फंगस के उपचार में काम आने वाली दवा के...

राजस्थान : ब्लैक फंगस के उपचार में काम आने वाली दवा के 2500 वायल खरीदने के क्रयादेश जारी

AdAdAdAdAdAdAdAdAd

जयपुर abhayindia.com चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डाॅ. रघु शर्मा ने कहा कि ब्लैक फंगस की रोकथाम के लिए सरकार कोई कोर-कसर नहीं छोड़ रही है। राज्य सरकार ने लाइपोजोमल एम्फोटेरेसिन बी के 2500 वाइल खरीदने के सीरम कंपनी को क्रयादेश दे दिए हैं। सरकार देश की 8 बड़ी फार्मा कंपनियों से संपर्क कर रही है और दवा की खरीद के लिए ग्लोबल टेंडर भी किया जा रहा है।

चिकित्सा मंत्री ने कहा कि अन्य दवाओं की तरह केंद्र सरकार ने ब्लैक फंगस की दवा को भी अपने नियंत्रण में ले लिया है और वही राज्यों को आपूर्ति कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश को भारत सरकार से केवल 700 वाइल ही प्राप्त हुई हैं। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से बात कर राज्य को कम से कम 50 हजार वाइल देने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को चाहिए कि जिस प्रदेश में मरीजों के अनुपात में दवाओं का वितरण करे ताकि इस गंभीर बीमारी से लोगों को बचाया जा सके।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि कोरोना के बाद डायबिटीज के मरीज, ज्यादा समय तक आईसीयू में रहने, संक्रमण और स्टेराॅइड दवाओं के ज्यादा इस्तेमाल और कमजोर इम्यून सिस्टम के चलते ब्लैक फंगस के शिकार हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना के इलाज के ब्लड शुगर का स्तर नियमित जांच करते रहें। ज्यादा ब्लड शुगर होने पर इस रोग की आशंका बढ़ जाती है। उन्होंने कहा कि सरकारी व निजी अस्पतालों में कोविड के दौरान सीमित मात्रा में स्टेराॅइड देने के लिए निर्देश जारी किए जा रहे हैं।

डाॅ. शर्मा ने कहा कि प्रदेश में करीब 100 मरीज ब्लैक फंगस से प्रभावित हैं। उन्होंने बताया कि सवाईमानसिंह अस्पताल में भी बीमारी के उपचार के लिए अलग से वार्ड बनाया गया है, जहां पूरे प्रोटोकाॅल के अनुसार इलाज किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों द्वारा सुझाए दवा के विकल्पों पर भी राज्य सरकार काम कर रही है। किसी विशेषज्ञों के अंतिम निर्णय पर वैकल्पिक दवाओं का भी इस्तेमाल किया जा सकता है।

- Advertisment -

Most Popular

error: Content is protected !!