बीकानेर Abhayindia.com स्थायी लोक अदालत ने पंजाब नेशनल बैंक को फसल बीमा राशि 2,11,444 /- रूपये अदा करने के आदेश दिए। मामले के अनुसार, विरेन्द्रसिंह भाटी ने अदालत में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर बताया कि उसने टोकला स्थित कृषि भूमि पर वर्ष 2019 में खरीफ की फसल की बुवाई थी। लेकिन, उक्त अवधि में लगातार तेज बारिश व आंधी-तूफान के कारण खरीफ की फसल पूरी तरस से नष्ट हो गई। चूंकि पंजाब नेशलन बैंक ने प्रार्थी केसीसी खाते में से 31.07.2019 को प्रीमीयम राशि 2834 /- रूपये बीमा कम्पनी को अदा कर ‘प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना’ उसकी फसल की बीमा करवाई थी, इसलिए वह बीमा कम्पनी से फसल बीमा के तहत मुआवजा राशि प्राप्त करने का अधिकारी है। बैंक ने अपने जवाब में बताया कि प्रार्थी ने अपना आधार कार्ड उपलब्ध नहीं करवाया इसलिए उक्त बीमा प्रीमियम राशि वापिस बैंक में जमा करा दी गई। प्रार्थी की तरफ से एडवोकेट बसन्त आचार्य अपनी बहस में अदालत को बताया कि
प्रार्थी का बैंक खाता आधार कार्ड से संयोजित है तथा भारत सरकार का बैंक को स्पष्ट निर्देश दिए गए है कि वह कृषकों के खाते से प्रीमियम राशि की कटौती कर, उनके फसलों की बीमा कम्पनी जमा करावें।
अदालत के अध्यक्ष महेश कुमार शर्मा, सदस्य रामकिशन शर्मा व प्रियंका शर्मा ने प्रार्थी के प्रार्थना पत्र को स्वीकार करते हुए लिखा कि बैक की कृषकों के प्रति निर्देश होने के बावजूद फसलों की बीमा नहीं करवाना, बैंक की घोर लापरवाही है। पंजाब नेशनल बैंक को आदेश दिया जाता है कि वह प्रार्थी को 2,11,441.74 रुपये तथा उक्त राशि पर दिनांक 31.12.2019 से ताअदायगी 6 प्रतिशत ब्याज का भुगतान करें। साथ ही प्रार्थी बैंक से मानसिक, शारीरिक व आर्थिक स्वरूप दस हजार व परिवाद व्यय के दस हजार प्राप्त करने का अधिकारी होगा।













