





बीकानेर Abhayindia.com विधानसभा चुनाव-2023 के बाद प्रदेश की सत्ता बदलते ही कई मुद्दों को लेकर सियासत गर्माने लगी है। इसी क्रम में बीकानेर में भी पूर्व संभागीय आयुक्त नीरज के. पवन को पुन: यहां लगाने की मांग भी उठने लगी है। तीन दिसम्बर को नतीजे आने के बाद से उनके प्रशंसक सोशल मीडिया पर इस मांग को हवा दे रहे हैं। सोशल मीडिया पर बीकानेर के सभी नवनिर्वाचित छह विधायकों से कहा जा रहा है कि यदि बीकानेर में विकास कार्यों को गति देनी है तो नीरज के. पवन को वापस यहां लगाया जाए।

आपको बता दें कि नीरज के. पवन ने बीकानेर में संभागीय आयुक्त पद पर नियुक्ति के दौरान जनहित के कई ऐसे मसलों का हल निकाला जिससे लोग लंबे समय से त्रस्त थे। उन्होंने यहां की बदतर यातायात व्यवस्था पर सबसे पहले काम करना शुरू किया। शहर के सबसे व्यस्ततम इलाकों की खुद मॉनिटरिंग करते हुए वहां नई व्यवस्था लागू की। उस व्यवस्था को लोग आज भी याद कर रहे हैं। इसके अलावा अतिक्रमण को लेकर भी उन्होंने कई अहम कदम उठाए। खासतौर से सरकारी जमीनों और आम रास्तों पर दबंगई से कब्जा जमाने वालों के भी वे पीछे पडे रहे। इस दरम्यान राजनीतिक दबाव के चलते उन्हें यहां से हटा दिया गया। हालांकि, उनके तबादले के बाद लोगों ने विरोध प्रदर्शन और धरने भी दिए। लेकिन, सत्तापक्ष के कुछ जनप्रतिनिधियों की ठसक के चलते उनकी सुनवाई नहीं हुई। अब विधायक बदलने के साथ ही उन्हें वापस यहां लाने की मांग बुलंद होने लगी है।





