सावधान! ग्रहों का स्वभाव हो गया हैं उग्र, नहीं करें शुभ कार्य

अभय इंडिया डेस्क.
फाल्गुन शुक्ल अष्टमी से फाल्गुन पूर्णिमा तक का अंतराल माने जाना वाले होलाष्टक शुक्रवार से शुरू हो गया है। आज से होलिका दहन तक सभी शुभ कार्य वर्जित रहते रहेंगे। आमतौर पर होलाष्टक आठ दिन के होते हैं, लेकिन इस बार होलाष्टक सात दिनों के हैं। चतुर्दशी व पूर्णिमा एक ही दिन होने के कारण होलाष्टक सात दिनों के हैं। होलिका दहन के बाद होलाष्टक समाप्त होने के साथ ही शुभ कार्य फिर से शुरू हो सकेंगे।
मान्यता है कि सभी शुभ व मांगलिक कार्यों के लिए ग्रहों का सौम्य होना बहुत जरूरी होता है। होलाष्टक के दौरान ग्रहों का स्वभाव उग्र हो जाता है। सभी नौ ग्रह फाल्गुन शुक्ल अष्टमी से पूर्णिमा (एक मार्च) तक उग्र रहेंगे, इसलिए शुभ कार्य वर्जित रहेंगे। मान्यता है कि ग्रहों के उग्र होने की वजह से नया व्यापार, गृह प्रवेश, विवाह, गर्भाधान, वाहन, भूमि व घर की खरीदारी सहित अन्य मांगलिक कार्य शुभ नहीं माने जाते।